पिछले भागों में हमने विद्युत धारा के चुंबकीय प्रभावों, मोटर के घूमने और चुंबकीय क्षेत्र रेखाओं के बारे में बहुत कुछ सीखा। अब हम उस परिपथ के बारे में जानेंगे जिसका हम रोज़ाना सबसे ज्यादा इस्तेमाल करते हैं—हमारा अपना ‘घरेलू विद्युत परिपथ’। खंभे से हमारे घर तक बिजली कैसे आती है? तारों के लाल, काले […]
Read Moreभाग 3: चुंबकीय क्षेत्र में धारावाही चालक पर बल और फ्लेमिंग का नियम
पिछले भाग में हमने जाना था कि जब किसी तार में बिजली बहती है, तो वह तार एक चुंबक बन जाता है और उसके चारों ओर चुंबकीय क्षेत्र पैदा हो जाता है। अब जरा सोचिए, अगर हम इस ‘बिजली वाले तार’ (धारावाही चालक) को किसी असली चुंबक के पास रख दें, तो क्या होगा? जब […]
Read Moreभाग 2: विद्युत धारावाही चालक के कारण चुंबकीय क्षेत्र कैसे बनता है?
पिछले भाग में हमने जाना था कि चुंबक के चारों ओर एक ‘चुंबकीय क्षेत्र’ होता है, जिसे हम क्षेत्र रेखाओं द्वारा दर्शाते हैं। लेकिन क्या होगा यदि चुंबक की जगह हम एक साधारण तांबे के तार में बिजली (करंट) प्रवाहित करें? ऑर्सटेड ने हमें बताया था कि तार भी चुंबक बन जाता है। तो क्या […]
Read Moreभाग 1: चुंबकीय क्षेत्र और क्षेत्र रेखाएं क्या हैं?
हम सभी ने बचपन में चुंबक (Magnet) के साथ जरूर खेला है। कैसे एक चुंबक लोहे की कीलों को अपनी ओर खींच लेता है या दूसरे चुंबक को दूर धकेल देता है, यह देखना बहुत मजेदार होता है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि तारों में बहने वाली बिजली भी बिल्कुल एक चुंबक की तरह […]
Read Moreअध्याय 12: विद्युत धारा के चुंबकीय प्रभाव – सम्पूर्ण व्याख्या
पिछले अध्याय में हमने पढ़ा था कि जब तारों में बिजली (विद्युत धारा) बहती है, तो वे गर्म हो जाते हैं। लेकिन क्या आपको पता है कि बिजली का एक और बहुत बड़ा जादू है? जब किसी तार में बिजली बहती है, तो वह तार एक चुंबक (Magnet) की तरह काम करने लगता है! जी […]
Read Moreभाग 4: विद्युत धारा का तापीय प्रभाव और विद्युत शक्ति क्या है?
क्या आपने कभी गौर किया है कि जब आप अपने कमरे का पंखा, टीवी या मोबाइल घंटों तक चलाते हैं, तो वे पीछे से गर्म क्यों हो जाते हैं? ऐसा इसलिए होता है क्योंकि बैटरी या बिजली की कुछ ऊर्जा (Energy) मशीन को चलाने में खर्च होती है और बाकी बची हुई ऊर्जा ‘गर्मी’ (ऊष्मा) […]
Read Moreभाग 3: प्रतिरोधकों का संयोजन श्रेणीक्रम और पार्श्वक्रम में कैसे होता है?
पिछले भाग में हमने जाना था कि हर चालक (तार) में बिजली को रोकने का एक गुण होता है, जिसे ‘प्रतिरोध’ कहते हैं। हमारे घरों में टीवी, पंखा, फ्रिज जैसे कई उपकरण एक साथ चलते हैं। इन सभी उपकरणों का अपना-अपना प्रतिरोध होता है। जब हमें परिपथ में बिजली की मात्रा को कम या ज्यादा […]
Read Moreभाग 2: ओम का नियम और प्रतिरोध किन कारकों पर निर्भर करता है?
विज्ञान की हमारी आज की कक्षा में आपका बहुत-बहुत स्वागत है। पिछले भाग में हमने जाना था कि तारों में बिजली (विद्युत धारा) कैसे बहती है और उसे धकेलने के लिए विभवांतर (दबाव) की जरूरत होती है[cite: 4]。 लेकिन क्या आप जानते हैं कि अगर हम बैटरी की ताकत (विभवांतर) बढ़ा दें, तो क्या बिजली […]
Read Moreभाग 1: विद्युत धारा और परिपथ क्या हैं?-UP Board Class X Science
आधुनिक समाज में ‘विद्युत’ (Electricity) का सबसे महत्वपूर्ण स्थान है। हमारे घरों, स्कूलों और कारखानों में लगभग हर मशीन बिजली से ही चलती है। लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि जब हम स्विच दबाते हैं तो तारों के अंदर ऐसा क्या दौड़ता है जिससे पंखा चलने लगता है और बल्ब जल जाता है? आज […]
Read Moreअध्याय 11: विद्युत – सम्पूर्ण व्याख्या
नमस्कार विद्यार्थियों! विज्ञान की हमारी आज की कक्षा में आपका बहुत-बहुत स्वागत है। जरा सोचिए, अगर एक दिन के लिए आपके घर, स्कूल और पूरे शहर की बिजली कट जाए तो क्या होगा? टीवी, मोबाइल, पंखा, फ्रिज—सब कुछ बंद हो जाएगा और हमारी जिंदगी एकदम ठहर जाएगी! आधुनिक समाज में ‘विद्युत’ (Electricity) का सबसे महत्वपूर्ण […]
Read More