विज्ञान की इस शानदार यात्रा के तीसरे भाग में आपका बहुत-बहुत स्वागत है। आज हम रसायन विज्ञान की दो बहुत ही मजेदार और महत्वपूर्ण अभिक्रियाओं के बारे में बात करेंगे।
क्या आपने कभी किसी पुराने घर में दिवाली की पुताई (सफेदी) होते देखी है? पहले के समय में, पेंटर बाल्टी या मटके में एक सफ़ेद ढेलेदार पदार्थ डालते थे और फिर उसमें पानी मिलाते थे। पानी मिलाते ही उस बाल्टी में से छन्न की आवाज़ आती थी, पानी उबलने लगता था और बहुत सारी भाप और गर्मी निकलने लगती थी! क्या आपने कभी सोचा है कि बिना आग जलाए वह पानी कैसे उबलने लगा? यही विज्ञान का जादू है, जिसे आज हम समझेंगे।
1. संयोजन अभिक्रिया (Combination Reaction)
बाल्टी में उबलने वाला वह सफ़ेद पदार्थ ‘बिना बुझा हुआ चूना’ (Quick Lime) है, जिसका रासायनिक सूत्र CaO है। जब हम इसमें पानी (H2O) मिलाते हैं, तो यह दोनों आपस में बड़ी तेजी से जुड़ जाते हैं और एक नया पदार्थ ‘बुझा हुआ चूना’ (Slaked Lime – Ca(OH)2) बनाते हैं।
CaO(s) + H2O(l) → Ca(OH)2(aq) + ऊष्मा
इस अभिक्रिया को ध्यान से देखिए। इसमें दो अभिकारक (चूना और पानी) मिलकर केवल एक ही उत्पाद (बुझा हुआ चूना) बना रहे हैं। ऐसी अभिक्रिया जिसमें दो या दो से अधिक अभिकारक मिलकर एकल उत्पाद का निर्माण करते हैं, उसे संयोजन अभिक्रिया कहते हैं।
संयोजन का सीधा सा मतलब है ‘जुड़ना’। इसके कुछ अन्य आसान उदाहरण भी हैं:
- कोयले का दहन: C(s) + O2(g) → CO2(g)
- जल का निर्माण: 2H2(g) + O2(g) → 2H2O(l)
2. ऊष्माक्षेपी अभिक्रिया (Exothermic Reaction)
अब वापस अपनी पुताई वाली बाल्टी पर आते हैं। हमने देखा था कि चूने और पानी के मिलने पर बहुत सारी गर्मी पैदा हुई थी। रसायन विज्ञान में, जिन अभिक्रियाओं में उत्पाद के निर्माण के साथ-साथ ऊष्मा (गर्मी) भी उत्पन्न होती है, उन्हें ऊष्माक्षेपी रासायनिक अभिक्रिया कहते हैं।
‘ऊष्माक्षेपी’ का मतलब ही है ऊष्मा को बाहर फेंकना (क्षेपण करना)।
क्या आप जानते हैं कि हमारा साँस लेना भी एक ऊष्माक्षेपी अभिक्रिया है?
यह एक बहुत ही महत्वपूर्ण सवाल है! हम सभी को जीवित रहने के लिए ऊर्जा की आवश्यकता होती है। यह ऊर्जा हमें उस भोजन से मिलती है जो हम खाते हैं। पाचन के दौरान चावल, आलू या ब्रेड जैसे खाद्य पदार्थ टूटकर ‘ग्लूकोज’ बन जाते हैं। यह ग्लूकोज हमारे शरीर की कोशिकाओं में मौजूद ऑक्सीजन के साथ मिलकर हमें ऊर्जा प्रदान करता है। इसी विशेष अभिक्रिया का नाम श्वसन (Respiration) है।
C6H12O6(aq) + 6O2(aq) → 6CO2(aq) + 6H2O(l) + ऊर्जा
चूँकि इस प्रक्रिया में ऊर्जा (ऊष्मा) बाहर निकल रही है, इसलिए श्वसन को एक ऊष्माक्षेपी अभिक्रिया माना जाता है।
कुछ अन्य ऊष्माक्षेपी अभिक्रियाएं:
- प्राकृतिक गैस (मीथेन) का जलना: CH4(g) + 2O2(g) → CO2(g) + 2H2O(g) + ऊर्जा
- शाक-सब्जियों (वनस्पति द्रव्य) का सड़कर कंपोस्ट बनना।
अब खेलें: संयोजन और ऊष्माक्षेपी क्विज़
यूपी बोर्ड कक्षा 10 विज्ञान के संयोजन और ऊष्माक्षेपी अभिक्रियाओं पर आधारित इस मजेदार क्विज़ को खेलें और अपनी तैयारी की जाँच करें!
Total Slides: 7
Total Questions: 14 | Total Marks: 22
Leaderboard (Last 30 Days)
अध्याय 1 के अन्य महत्वपूर्ण भाग:
- भाग 1: रासायनिक अभिक्रियाओं की पहचान और विशेषताएं
- भाग 2: रासायनिक समीकरण लिखना और उन्हें संतुलित करना
- You are Reading Here: भाग 3: संयोजन और ऊष्माक्षेपी अभिक्रियाएं
- भाग 4: वियोजन अपघटन और ऊष्माशोषी अभिक्रियाएं
- भाग 5: विस्थापन और द्विविस्थापन अभिक्रियाएं
- भाग 6: उपचयन, अपचयन रेडॉक्स अभिक्रियाएं
- भाग 7: दैनिक जीवन में उपचयन के प्रभाव संक्षारण और विकृतगंधिता