हम ‘पर्यावरण’ शब्द से बहुत अच्छी तरह परिचित हैं, जिसका प्रयोग हम अक्सर टेलीविजन, समाचार पत्रों और अपने आस-पास के लोगों से सुनते हैं ।
इस प्रकृति में पौधे, जंतु, सूक्ष्मजीव और मनुष्य सभी एक-दूसरे के साथ मिलकर रहते हैं और संतुलन बनाए रखते हैं। लेकिन हमारे कुछ क्रियाकलाप इस खूबसूरत पर्यावरण को नुकसान भी पहुँचा रहे हैं। इस बहुत ही आसान और ज्ञानवर्धक अध्याय को गहराई से समझने के लिए, मैंने इसे 3 छोटे-छोटे भागों में बाँट दिया है:
- भाग 1: पारितंत्र क्या है और इसके मुख्य घटक कौन से हैं?
- भाग 2: आहार श्रृंखला, आहार जाल और ऊर्जा का प्रवाह कैसे होता है?
- भाग 3: ओज़ोन परत का अपक्षय और कचरा प्रबंधन क्या है?
पारितंत्र और इसके संघटक क्या हैं?
किसी क्षेत्र के सभी सजीव प्राणी (पौधे, जानवर) और वातावरण के निर्जीव भौतिक कारक (जैसे- ताप, वर्षा, वायु, मृदा) आपस में मिलकर जो तंत्र बनाते हैं, उसे पारितंत्र (Ecosystem) कहते हैं। पारितंत्र में दो प्रकार के घटक होते हैं: जैव घटक (सजीव) और अजैव घटक (निर्जीव)।
भोजन के आधार पर पारितंत्र के जीवों को तीन भागों में बाँटा गया है: उत्पादक (हरे पौधे जो अपना भोजन स्वयं बनाते हैं), उपभोक्ता (जो भोजन के लिए दूसरों पर निर्भर हैं), और अपघटक (जो मरे हुए जीवों को सड़ाकर मिट्टी में मिला देते हैं)।
आहार श्रृंखला और आहार जाल क्या है?
प्रकृति में एक जीव भोजन के लिए दूसरे जीव को खाता है। जीवों की यह श्रृंखला, जिसमें वे एक-दूसरे का आहार करते हैं, आहार श्रृंखला (Food Chain) कहलाती है। जब प्रकृति में बहुत सी आहार श्रृंखलाएं आपस में जुड़कर एक जटिल नेटवर्क बना लेती हैं, तो उसे आहार जाल (Food Web) कहते हैं।
ओज़ोन परत का अपक्षय क्यों चिंता का विषय है?
ओज़ोन ($O_3$) एक गैस है जो वायुमंडल के ऊपरी स्तर में पाई जाती है। यह परत सूर्य से आने वाली हानिकारक ‘पराबैंगनी विकिरण’ (UV Rays) से पृथ्वी और सभी जीवों की सुरक्षा करती है। लेकिन मानव द्वारा बनाए गए रसायनों, जैसे क्लोरोफ्लुओरो कार्बन (CFCs), के कारण यह सुरक्षा कवच तेजी से नष्ट (अपक्षयित) हो रहा है, जो कि एक बहुत बड़ी पर्यावरणीय समस्या है।
कचरा प्रबंधन क्यों आवश्यक है?
अपनी दैनिक गतिविधियों में हम बहुत सा कचरा पैदा करते हैं। यह कचरा दो प्रकार का होता है:
- जैव निम्नीकरणीय: वे पदार्थ जो जैविक प्रक्रम (सूक्ष्मजीवों) द्वारा आसानी से अपघटित (सड़) जाते हैं, जैसे फलों के छिलके और कागज।
- अजैव निम्नीकरणीय: वे पदार्थ जो लंबे समय तक पर्यावरण में वैसे ही बने रहते हैं और नष्ट नहीं होते, जैसे प्लास्टिक।
पर्यावरण को स्वच्छ रखने के लिए हमें इस कचरे का सही तरीके से निपटान (Management) करना बहुत जरूरी है।
अब खेलें: हमारा पर्यावरण प्रारंभिक क्विज़
यूपी बोर्ड कक्षा 10 विज्ञान के इस तेरहवें अध्याय के परिचय पर आधारित मजेदार क्विज़ को खेलें और अपनी प्रारंभिक जानकारी की जाँच करें!
Total Slides: 7
Total Questions: 20 | Total Marks: 28