विज्ञान की इस शानदार यात्रा में आपका स्वागत है। भाग 5 में हमने लवणों के परिवार के बारे में सीखा था। आज हम उस लवण के बारे में बात करेंगे जो हमारे हर दिन के खाने का सबसे जरूरी हिस्सा है—साधारण नमक (सोडियम क्लोराइड)। क्या आपको पता है कि यह नमक केवल हमारे भोजन को स्वादिष्ट ही नहीं बनाता, बल्कि रसायन विज्ञान की दुनिया में यह एक बहुत बड़ा ‘कच्चा माल’ (Raw Material) भी है? जी हाँ, इसी साधारण नमक से हम अपनी दैनिक जरूरतों के कई महत्वपूर्ण रसायन बनाते हैं!
आज हम जानेंगे कि कैसे नमक के खारे पानी से हम वह सब कुछ बना सकते हैं जो हमारे घर और उद्योगों में काम आता है।
क्लोरो-क्षार प्रक्रिया (Chlor-alkali Process)
जब हम सोडियम क्लोराइड के जलीय विलयन (जिसे ‘ब्राइन’ कहते हैं) में बिजली प्रवाहित करते हैं, तो वह टूटकर सोडियम हाइड्रॉक्साइड (क्षार) और क्लोरीन गैस देता है। चूँकि इसमें क्लोरीन (क्लोरो) और सोडियम हाइड्रॉक्साइड (क्षार) बनते हैं, इसलिए इसे ‘क्लोरो-क्षार प्रक्रिया’ कहते हैं।
2NaCl(aq) + 2H2O(l) → 2NaOH(aq) + Cl2(g) + H2(g)
साधारण नमक से मिलने वाले अन्य जादुई रसायन
अब हम उन प्रमुख रसायनों के बारे में विस्तार से जानेंगे जो इसी प्रक्रिया से जुड़े हुए हैं और हमारे लिए अनिवार्य हैं:
1. विरंजक चूर्ण (Bleaching Powder)
क्लोरो-क्षार प्रक्रिया में जो क्लोरीन गैस निकलती है, उसे बुझे हुए चूने पर प्रवाहित करने पर विरंजक चूर्ण बनता है। इसका सूत्र CaOCl2 है। इसका उपयोग कपड़ों को सफेद करने (ब्लीचिंग) और पीने के पानी को कीटाणुमुक्त करने में किया जाता है।
2. बेकिंग सोडा (Baking Soda – NaHCO3)
इसे रसोई का जादूगर कहा जाता है! यह सोडियम क्लोराइड, पानी, कार्बन डाइऑक्साइड और अमोनिया की अभिक्रिया से बनता है। जब इसे गर्म किया जाता है, तो यह सोडियम कार्बोनेट, जल और कार्बन डाइऑक्साइड गैस छोड़ता है। यही CO2 गैस केक या पाव को फुलाकर नरम और स्पंजी बनाती है।
3. धावन सोडा (Washing Soda – Na2CO3.10H2O)
बेकिंग सोडा को गर्म करने पर जो सोडियम कार्बोनेट मिलता है, उसे पुनः क्रिस्टलीकृत करने पर धावन सोडा प्राप्त होता है। यह एक क्षारीय लवण है जिसका उपयोग कांच, साबुन और कागज उद्योग में होता है। साथ ही, यह पानी की ‘स्थायी कठोरता’ को दूर करने के लिए भी सर्वोत्तम है।
क्रिस्टलन का जल
क्या आपने कभी ध्यान दिया है कि कॉपर सल्फेट (CuSO4.5H2O) के क्रिस्टल नीले होते हैं, लेकिन गर्म करने पर वे सफेद हो जाते हैं? ऐसा इसलिए क्योंकि क्रिस्टल के एक सूत्र इकाई में जल के निश्चित अणुओं की संख्या होती है, जिसे ‘क्रिस्टलन का जल’ कहते हैं। जब हम इन्हें गर्म करते हैं, तो यह पानी उड़ जाता है और रंग बदल जाता है।
अब खेलें: साधारण नमक से बनने वाले रसायन क्विज़
यूपी बोर्ड कक्षा 10 विज्ञान के इस महत्वपूर्ण विषय पर आधारित मजेदार क्विज़ को खेलें और अपनी तैयारी को पक्का करें!
Total Slides: 7
Total Questions: 14 | Total Marks: 22
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अध्याय 2 के अन्य महत्वपूर्ण भाग:
- भाग 1: अम्ल एवं क्षारक के रासायनिक गुणधर्म और अभिक्रियाएँ
- भाग 2: सभी अम्लों और क्षारकों में क्या समानताएँ हैं?
- भाग 3: अम्ल एवं क्षारक की प्रबलता और पीएच स्केल
- भाग 4: दैनिक जीवन में पीएच का महत्व और आत्मरक्षा
- भाग 5: लवणों का परिवार और उनके गुणधर्म
- You are Reading Here: साधारण नमक से बनने वाले उपयोगी रसायन
- भाग 7: क्रिस्टलन का जल और प्लास्टर ऑफ पेरिस